माँ मेरी लाडलिये पाई जा घरा रा फेरा

By kushal@geetkosh.in

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Maa Meri Ladliye payide Ghara ra phera

“मां मेरी लाडलिये पाई दे घरा दा फेरा” एक प्यारा सा पंजाबी लोक गीत है जो मां और बेटी के रिश्ते को बहुत ही सरल और खूबसूरत तरीके से बताता है। इस गीत में बेटी के अपने मायके से ससुराल जाने की खुशी और मां का स्नेह साफ महसूस होता है।

गीत में मां के गहनों जैसे बिंदिया, हार, चूड़ी और पायल का जिक्र है, जिससे पता चलता है कि बेटी को अच्छे से सजाया गया है और घर वालों ने उसका स्वागत बड़े प्यार से किया है। यह गीत परिवार की खुशियों और प्यार की भावना को बहुत ही सहज भाषा में दर्शाता है।

जब इसे सुनते हैं तो दिल को बहुत अच्छा लगता है और मां-बेटी के प्यारे रिश्ते की मिठास महसूस होती है। यह गीत हर उस परिवार की कहानी कहता है जहां प्यार और अपनापन सबसे जरूरी होता है।

maa meri ladliye paya mere ghar fera lyrics in Hindi

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…

पारलिया धारा हो, तेरी बिंदिया दा लश्कारा,
मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…

पारलिया धारा हो, तेरे हारा दा लश्कारा,
मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…

पारलिया धारा हो, तेरी चूड़ियाँ दा लश्कारा,
मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…

पारलिया धारा हो, तेरे चूड़े दा लश्कारा,
मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…

पारलिया धारा हो, तेरी पायला दा लश्कारा,
मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…

maa meri ladliye paya mere ghar fera lyrics in English

Maa Meri Ladliye, Ladliye, Paya De Ghar Da Fera,
Tere Bina Nai Yo Lagda, Dil Naiyo Lagda Mera…

Parliya Dhara Ho, Teri Bindiya Da Lashkara,
Maa Meri Ladliye, Ladliye, Paya De Ghar Da Fera,
Tere Bina Nai Yo Lagda, Dil Naiyo Lagda Mera…

Parliya Dhara Ho, Tere Haar Da Lashkara,
Maa Meri Ladliye, Ladliye, Paya De Ghar Da Fera,
Tere Bina Nai Yo Lagda, Dil Naiyo Lagda Mera…

Parliya Dhara Ho, Teri Churiyan Da Lashkara,
Maa Meri Ladliye, Ladliye, Paya De Ghar Da Fera,
Tere Bina Nai Yo Lagda, Dil Naiyo Lagda Mera…

Parliya Dhara Ho, Tere Chude Da Lashkara,
Maa Meri Ladliye, Ladliye, Paya De Ghar Da Fera,
Tere Bina Nai Yo Lagda, Dil Naiyo Lagda Mera…

Parliya Dhara Ho, Teri Payla Da Lashkara,
Maa Meri Ladliye, Ladliye, Paya De Ghar Da Fera,
Tere Bina Nai Yo Lagda, Dil Naiyo Lagda Mera…

Lyrics Explaination

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
माँ मेरी प्यारी है, मेरी लाडली है, उसने अपने मायके (घऱ) का चक्कर लगाया है।

तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…
तेरे बिना दिल बिल्कुल भी नहीं लगता, माँ की अनुपस्थिति में मन खाली लगता है।

पारलिया धारा हो, तेरी बिंदिया दा लश्कारा,
दूसरी ओर की नदी जैसे चमकती है, वैसे ही माँ की बिंदी भी तेज से दमकती है।

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
फिर से दोहराया जा रहा है कि माँ मायके गई और वहां से लौटी है, जिससे घर में रौनक लौट आई।

तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…
तेरे बिना मन बिलकुल भी नहीं लगता, माँ के बिना घर सूना लगता है।

पारलिया धारा हो, तेरे हारा दा लश्कारा,
दूसरी ओर की धारा की तरह, माँ के गले का हार भी तेज और आकर्षण से भरा हुआ है।

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
माँ ने घर का फेरा लगाया है और उसके आने से घर में फिर से सजीवता लौट आई है।

तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…
माँ के बिना दिल बुझा हुआ रहता है, उसकी उपस्थिति ही सबसे बड़ा सुख है।

पारलिया धारा हो, तेरी चूड़ियाँ दा लश्कारा,
उस पार बहती धारा की तरह माँ की चूड़ियों की खनक भी चमक और जीवन से भरपूर है।

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
माँ जब लौटती है तो घर एक बार फिर पूरी तरह जीवंत हो जाता है।

तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…
माँ की मौजूदगी ही मेरे दिल का चैन है, उसके बिना सब अधूरा लगता है।

पारलिया धारा हो, तेरे चूड़े दा लश्कारा,
दूसरे किनारे की धारा की तरह माँ के चूड़े भी प्रकाशमान हैं, सुंदरता और प्रेम का प्रतीक।

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
माँ के आने से घर फिर से सज गया है, जैसे सजीवता लौट आई हो।

तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…
उसके बिना दिल का खालीपन साफ महसूस होता है, उसकी जरूरत हर पल है।

पारलिया धारा हो, तेरी पायला दा लश्कारा,
माँ की पायल की झंकार जैसे नदी के बहाव में चमकती रेत हो — मधुर और मोहक।

मां मेरी लाडलिए, लाडलिये, पाई दे घरा दा फेरा,
हर बार माँ का घर आना घर को सौभाग्य और प्रेम से भर देता है।

तेरे बिना नई यो लगदा, दिल नईयो लगदा मेरा…
तेरे बिना कोई चीज़ प्यारी नहीं लगती — तू ही मेरा सारा संसार है, माँ।

Conclusion

“मां मेरी लाडलिये पाई दे घरा दा फेरा” गीत हमें मां और बेटी के रिश्ते की खासियत याद दिलाता है। यह गीत उस प्यार और सम्मान को दर्शाता है जो परिवार के हर सदस्य में होता है।

इस गीत को सुनकर हमें परिवार के साथ जुड़ाव और एक-दूसरे के लिए अपनापन महसूस होता है। मां का आशीर्वाद और बेटी का सम्मान ही परिवार की असली ताकत होती है।

यह गीत हमें सिखाता है कि परिवार की खुशियाँ छोटे-छोटे प्यार भरे पलों से बनती हैं, और इन पलों को संजोकर रखना चाहिए।

ऐसे गीत हमेशा हमारे दिलों को जोड़ते हैं और रिश्तों को मजबूत बनाते हैं।

Devi ke Bhajan

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